रांची न्यूज डेस्क: पूरा झारखंड इस समय कड़ाके की शीतलहर की चपेट में है। ठंड और घने कोहरे ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। बीते 24 घंटे में ठंड के कारण राज्य में पांच लोगों की मौत हो गई है। इनमें चतरा जिले में तीन, जबकि गिरिडीह और लोहरदगा में एक-एक व्यक्ति की जान गई है। हालात इतने खराब हैं कि कई इलाकों में लोग घरों से निकलने से बच रहे हैं।
मौसम विभाग के अनुसार राज्य के पांच जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे चला गया है। रांची के कांके इलाके में तापमान सबसे कम 6.4 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि लोहरदगा में यह 7.7 डिग्री तक पहुंच गया। रांची, गुमला, खूंटी, लातेहार और लोहरदगा जैसे जिलों में ठंड का असर सबसे ज्यादा देखा जा रहा है। सुबह और रात के समय ठंडी हवाओं के कारण कंपकंपी बढ़ गई है।
मौसम विभाग ने अगले दो दिनों तक ठंड से राहत की कोई उम्मीद नहीं जताई है। इसे देखते हुए सात जिलों में ऑरेंज अलर्ट और 13 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया गया है। ऑरेंज अलर्ट वाले जिलों में कड़ाके की ठंड के साथ दिन में धूप निकलने की संभावना कम है, जबकि यलो अलर्ट वाले इलाकों में शीतलहर और घना कोहरा बना रहेगा। विभाग ने बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आने वाले चार दिनों में ठंड और बढ़ सकती है तथा कई जिलों में न्यूनतम तापमान 7 डिग्री से भी नीचे जा सकता है। ऐसे में लोगों को गर्म कपड़े पहनने, अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने और ठंड से बचाव के उपाय अपनाने की जरूरत है। प्रशासन भी हालात पर नजर बनाए हुए है।